Tuesday, November 29, 2022
Follow us on
BREAKING NEWS
गठबंधन सरकार ने बहुत सारे बड़े वादों को किया पूरा – दिग्विजय नवनिर्वाचित राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू का कल होगा उनका पहला हरियाणा का दौरा ब्रह्मसरोवर के बाद चण्डीगढ़ राजभवन में होंगी स्टेट गेस्टराष्ट्रपति के कुरुक्षेत्र दौरे को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, डीजीपी हरियाणा ने लिया सुरक्षा व्यवस्था का जायजाएम.डब्ल्यू.बी. के डेलिगेशन ने की हरियाणा सरकार के अतिरिक्त प्रधान सचिव डॉक्टर अमित अग्रवाल से की मुलाकातनशा तस्करों के खिलाफ हमारा बुलडोजर पूरे हरियाणा में चल रहा है, प्रदेश में अरबों की संपत्ति वाले 28 ऐसे केस क्लीयरेंस के लिए केंद्र को भेजे : गृह मंत्री अनिल विजविजय हजारे ट्रॉफी: ऋतुराज गायकवाड़ ने एक ही ओवर ठोके 43 रन, जड़े सात छक्केसूरत: आप संयोजक अरविंद केजरीवाल के रोड शो में हुआ पथरावभारत जोड़ो यात्रा के बीच आज राहुल गांधी इंदौर में 1 बजे प्रेस कांफ्रेंस करेंगे
National

Environment of enmity must end: Farm unions

February 10, 2021 05:03 AM

COURTESY HT FEB 10

Environment of enmity must end: Farm unions
Zia Haq

zia.haq@htlive.com

New Delhi : A day ahead of a crucial meeting of farm unions, leaders of the over two-month-long protest against three farm laws said on Tuesday that direct talks with the government were the only way to end the agitation for which, they added, the government must end “the atmosphere of enmity” by lifting restrictions on the Internet and restoring essential services, such as water and electricity, at protest sites.

The Samyukt Kisan Morcha, the platform of farm unions spearheading the protests, will hold its full working committee meeting on Wednesday, in which its leaders would discuss ways to scale up their campaign and reiterate their stand on being open to talks, said Darshan Pal, a key farm leader.

Prime Minister Narendra Modi, speaking in Parliament on Monday, urged farmers to end their agitation and resume dialogue and assured them that a system of minimum floor prices for key crops would continue as usual. The farm unions, however, lashed out at the PM for calling supporters of the farmers’ agitation “andolan jeevi,” or protest parasites.

So far 11 rounds of talks between 40 farm leaders and the government have failed to resolve the crisis. Both the government and farmers had called off the series of discussions on January 22, citing lack of progress. The unions have rejected the government’s offer to freeze the laws for 18 months, demanding their repeal

Have something to say? Post your comment
 
More National News
सूरत: आप संयोजक अरविंद केजरीवाल के रोड शो में हुआ पथराव भारत जोड़ो यात्रा के बीच आज राहुल गांधी इंदौर में 1 बजे प्रेस कांफ्रेंस करेंगे राष्ट्रपति ने भारतीय न्यायपालिका की वार्षिक रिपोर्ट 2020-21 जारी की तमिलनाडु: BJP नेता त्रिची सूर्या को पार्टी के सभी पदों से 6 महीने के लिए हटाया गया NIA को मिली 10 दिन के लिए गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई की कस्टडी गुजरात चुनाव: PM मोदी आज करेंगे 4 रैलियां, ओवैसी और हरभजन का भी रोड शो तमिलनाडु के रानीपेट जिले में भीषण बारिश, स्कूल-कॉलेज में छुट्टी घोषित मेघालय: फायरिंग में 6 लोगों की मौत, 7 जिलों में मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद अनिल देशमुख के बेटे ने PMLA कोर्ट से अग्रिम जमानत वाली याचिका वापस ली प्रियंका गांधी भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने के लिए कल मध्य प्रदेश पहुंचेंगी