Thursday, October 01, 2026
Follow us on
BREAKING NEWS
• सुरक्षित रक्त की पहुंच आसान बनाने के लिए राज्य सरकार ब्लड डोनेशन वैन की लेगी मदद : आरती सिंह राव • मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने ‘हरियाणा की अपनी कर-राजस्व व्यवस्था’ के विश्लेषण व मजबूती के लिए आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन किया • कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय और एसजेएचआईएफएम के बीच शोध एवं नीति अध्ययन को बढ़ावा देने के लिए हुआ एमओयू • नई एएलएस एम्बुलेंस ने 46 दिनों में संभाले 9,200 से अधिक केस- डॉ. सुमिता मिश्रा • हरियाणा की पेपरलेस प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन का बड़ा असर हुआ: डॉ. सुमिता मिश्रा • उद्योगों को प्रोत्साहन, युवाओं को रोजगार और किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता : मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी • किसानों को गेहूं के उच्च गुणवत्ता वाले प्रमाणित बीज समय पर उपलब्ध करवाए जाएंगे : श्री श्याम सिंह राणा • हरियाणा में पर्यटन क्षेत्र में निजी निवेश के खुलेंगे नए रास्ते, पीपीपी मॉडल पर विकसित होंगे महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल: डॉ. अरविंद कुमार शर्मा
Haryana

हरियाणा राज्य निर्वाचन आयोग ने नगर परिषद के अध्यक्ष के लिए चुनाव खर्च सीमा 15 लाख रुपये और नगरपालिका के अध्यक्ष के लिए 10 लाख रुपये निर्धारित की

November 27, 2020 04:52 PM

हरियाणा राज्य निर्वाचन आयोग ने नगर परिषद के अध्यक्ष के लिए चुनाव खर्च सीमा 15 लाख रुपये और नगरपालिका के अध्यक्ष के लिए 10 लाख रुपये निर्धारित की है।

राज्य निर्वाचन आयोग के एक प्रवक्ता ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि 30 अक्तूबर, 2020 को हरियाणा नगरपालिका अधिनियम, 1973 में संशोधन किया गया था कि अब राज्य में नगर परिषद और नगरपालिका के अध्यक्ष सीधे चुनाव के माध्यम से संबंधित वार्डों के मतदाताओं द्वारा चुने जाएंगे। इसके चलते राज्य निर्वाचन आयोग ने नगर परिषद और नगरपालिका के अध्यक्ष के लिए चुनाव खर्च सीमा निर्धारित की है।

आयोग ने यह भी निर्देश दिए हैं कि नगर परिषद और नगरपालिका के अध्यक्ष के लिए चुनाव लडऩे वाले उम्मीदवार या उनके चुनाव एजेंट द्वारा चुनाव खर्च का ब्यौरा रखना होगा और परिणाम घोषित होने से 30 दिनों के अंदर खर्च का ब्यौरा जिला उपायुक्त के पास जमा कराना होगा। इसके अलावा, यह भी निर्देश दिए गए हैं कि यदि कोई उम्मीदवार निर्धारित समयावधि में चुनाव खर्च का ब्यौरा पेश करने में असफल होता है तो आयोग उसे अयोग्य घोषित कर सकता है और उम्मीदवार आदेश जारी होने की तिथि से 5 साल तक के लिए आयोग्य घोषित रह सकता है।

          उम्मीदवार स्वयं या उसके अधिकृत चुनाव एजेंट द्वारा नामांकन पत्र भरने से लेकर चुनाव परिणाम घोषित होने वाले दिन तक चुनाव से संबंधित सभी खर्चों के लिए अलग से खाता रखना होगा। कुल खर्च उपरोक्त सीमा से अधिक नहीं होना चाहिए।

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा चुनाव लडऩे वाले उम्मीदवार या उसके चुनाव एजेंट द्वारा उपरोक्त सीमा से अधिक खर्च करने के मामले में किसी भी प्रकार के उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा और उल्लंघन करने वाले के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

Have something to say? Post your comment
More Haryana News
सुरक्षित रक्त की पहुंच आसान बनाने के लिए राज्य सरकार ब्लड डोनेशन वैन की लेगी मदद : आरती सिंह राव मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने ‘हरियाणा की अपनी कर-राजस्व व्यवस्था’ के विश्लेषण व मजबूती के लिए आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन किया कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय और एसजेएचआईएफएम के बीच शोध एवं नीति अध्ययन को बढ़ावा देने के लिए हुआ एमओयू नई एएलएस एम्बुलेंस ने 46 दिनों में संभाले 9,200 से अधिक केस- डॉ. सुमिता मिश्रा हरियाणा की पेपरलेस प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन का बड़ा असर हुआ: डॉ. सुमिता मिश्रा उद्योगों को प्रोत्साहन, युवाओं को रोजगार और किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता : मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी किसानों को गेहूं के उच्च गुणवत्ता वाले प्रमाणित बीज समय पर उपलब्ध करवाए जाएंगे : श्री श्याम सिंह राणा हरियाणा में पर्यटन क्षेत्र में निजी निवेश के खुलेंगे नए रास्ते, पीपीपी मॉडल पर विकसित होंगे महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल: डॉ. अरविंद कुमार शर्मा मजदूरों की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान कर योजनाओं का लाभ पात्र श्रमिकों तक पहुंचाएगी सरकार : रणबीर गंगवा हरियाणा देश का पहला राज्य जहां न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी जा रही हैं अधिकतम फसलें — खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री राजेश नागर