हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने अपने स्वीडन दौरे के दूसरे दिन कई प्रमुख निवेशकों और विशेषज्ञों के साथ सीधी मुलाकातें कीं। बैठकों में शहरी विकास के साथ-साथ जीवन की गुणवत्ता बढ़ाने और सार्वजनिक सेवाओं को और मजबूत बनाने पर गहन चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री ने हरियाणा की शहरी प्राथमिकताओं के अनुरूप ‘सिंबियोसिटी’ (Symbiocity) अप्रोच की तर्ज पर कार्य करने पर मंथन किया। इस दृष्टिकोण के अंतर्गत शहरों को एकीकृत, टिकाऊ और नागरिक-केंद्रित तरीके से विकसित करने पर जोर दिया गया।
बैठकों में संचार, पब्लिक अफेयर्स और नीतिगत पैरवी (पॉलिसी एडवोकेसी) से जुड़े विषयों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण प्रौद्योगिकी और सतत शहरी विकास के क्षेत्र में कार्यरत कई निवेशकों से बातचीत की।
विशेष रूप से ट्रीटेड वॉटर और अपशिष्ट जल के पुनः उपयोग को उद्योग एवं अन्य कार्यों के लिए अपनाने की स्वीडिश प्रणाली को मुख्यमंत्री ने विस्तार से समझा। कचरे के निस्तारण, जैविक कचरे के उपयोग और रीसाइक्लिंग की आधुनिक प्रक्रियाओं पर भी गहन विचार-विमर्श हुआ। इन क्षेत्रों में स्वीडन की उन्नत तकनीक और अनुभव को हरियाणा में लागू करने की संभावनाओं पर चर्चा की गई।
मुख्यमंत्री ने फ्रॉड मोबाइल कॉल की समस्या से निपटने के लिए हरियाणा पुलिस की साइबर यूनिट के साथ सहयोग करने हेतु स्वीडन के निवेशकों और विशेषज्ञों को आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि साइबर सुरक्षा और नागरिक सुरक्षा के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सहयोग से राज्य को लाभ होगा।
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि स्वीडन की उन्नत तकनीक, सतत विकास मॉडल और नागरिक-केंद्रित दृष्टिकोण हरियाणा के शहरी एवं पर्यावरणीय लक्ष्यों को प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। वे निवेशकों से मिले और उन्हें हरियाणा में निवेश करने तथा तकनीकी साझेदारी बढ़ाने के लिए आमंत्रित किया।