हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष श्री हिम्मत सिंह ने कहा कि CET-II, ग्रुप-20 भर्ती मामले में माननीय सर्वोच्च न्यायालय से अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है। माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने SLP (C) No. 17373/2026, सुभेंदर एवं अन्य बनाम हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग को खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय ग्रुप-20 भर्ती से जुड़े हजारों चयनित अभ्यर्थियों के हित में आया है तथा यह न्याय, सत्य और संघर्ष के साथ-साथ प्रदेश के युवाओं की मेहनत, धैर्य एवं विश्वास की जीत है।
उल्लेखनीय है कि यह एस. एल .पी . पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के 27 मार्च 2026 को पारित समीक्षा (रिव्यू) निर्णय के विरुद्ध दायर की गई थी। उच्च न्यायालय ने अपने निर्णय में स्पष्ट किया था कि 24 ग्रुपों, जिनमें ग्रुप-20 भी शामिल है, की भर्ती प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी थी तथा चयनित अभ्यर्थी काफी समय से सेवाएं दे रहे हैं। ऐसे में उन्हें पक्षकार बनाए बिना उनके चयन को प्रभावित नहीं किया जा सकता। न्यायालय ने यह भी माना था कि सामाजिक-आर्थिक (Socio-Economic) अंकों का CET-II के लिए अभ्यर्थियों को बुलाने की मेरिट पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा। इसलिए भर्ती प्रक्रिया और CET परिणामों को निरस्त करने संबंधी पूर्व आदेशों में त्रुटि थी। न्यायालय ने यह भी स्पष्ट किया था कि आयोग को दिए गए दिशा-निर्देश केवल भावी भर्तियों पर लागू होंगे तथा 24 ग्रुपों के चयनित एवं नियुक्त अभ्यर्थी विधि के अनुसार सेवा में बने रहेंगे।
उन्होंने बताया कि उच्च न्यायालय के इस निर्णय को चुनौती देते हुए कुछ अभ्यर्थियों ने सर्वोच्च न्यायालय में एस. एल .पी . दायर की थी। याचिका में उच्च न्यायालय के 27 मार्च 2026 के आदेश पर रोक लगाने तथा उसे निरस्त करने की मांग की गई थी। माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा याचिका खारिज किए जाने के साथ ही पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय का 27 मार्च 2026 का निर्णय यथावत बना हुआ है।
श्री हिम्मत सिंह ने कहा कि पूरे प्रकरण के दौरान हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग अभ्यर्थियों के हितों की रक्षा के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ उनके साथ खड़ा रहा और प्रत्येक स्तर पर तथ्यों तथा नियमों के आधार पर अपना पक्ष प्रभावी ढंग से रखा। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय का यह निर्णय भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता, विधिक प्रक्रिया तथा चयनित अभ्यर्थियों के अधिकारों में विश्वास को और सुदृढ़ करता है।
उन्होंने ग्रुप-20 के सभी चयनित अभ्यर्थियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह निर्णय उनके लिए बड़ी राहत और खुशी का विषय है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि सभी चयनित अभ्यर्थी पूर्ण निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए प्रदेश की प्रगति एवं जनसेवा में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।