हरियाणा राज्य रक्त संचरण परिषद की परियोजना निदेशक डॉ. मुक्ता कुमार ने बताया कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में महिला सशक्तिकरण, महिला स्वास्थ्य जागरूकता और सामाजिक सेवा को समर्पित रक्तदान शिविरों का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम स्वास्थ्य विभाग, हरियाणा राज्य रक्त संचरण परिषद , हरियाणा के तत्वावधान में राज्य के सभी लाइसेंस प्राप्त रक्त केन्द्रों (जिला नागरिक अस्पतालों एवं निजी रक्त केन्द्रों) के सहयोग से आयोजित किया गया।
इन शिविरों के माध्यम से महिलाओं को स्वास्थ्य शिक्षा, शरीर की देखभाल, पोषण और नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व के प्रति भी जागरूक किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और सैकड़ों महिलाओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर मानवता की सेवा का संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि महिला स्वास्थ्य केवल एक व्यक्ति का नहीं बल्कि पूरे परिवार और समाज के स्वास्थ्य से जुड़ा हुआ विषय है। जब महिला स्वस्थ रहती है तो परिवार स्वस्थ रहता है और परिवार स्वस्थ रहेगा तो समाज भी मजबूत और समृद्ध बनता है। इसलिए महिलाओं के स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना समय की आवश्यकता है।
इसके साथ ही अंगदान के लिए भी विशेष जागरूकता शिविर लगाए गए, जहां लोगों को अंगदान के महत्व के बारे में जानकारी दी गई और अनेक लोगों ने अंगदान के लिए अपनी सहमति दी। कई लोगों ने अंगदान का संकल्प लेते हुए अपने फॉर्म भरे और उन्हें अंगदाता कार्ड जारी किए गए। इनका विवरण राष्ट्रीय अंग एवं ऊतक प्रत्यारोपण संगठन (NOTTO) के राष्ट्रीय पोर्टल पर अपलोड किया गया है।
उन्होंने बताया कि इस अवसर पर महिला रक्तदाताओं और उनके परिजनों सहित बड़ी संख्या में लोगों ने स्वैच्छिक रक्तदान और अंगदान का संकल्प लिया। डॉ. मुक्ता कुमार ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर महिलाओं की यह सक्रिय भागीदारी समाज में सेवा, जागरूकता और मानवता के मूल्यों को मजबूत करने का प्रेरणादायक उदाहरण है।
इस अवसर पर एक प्रेरणादायक उदाहरण भी सामने आया, जब फरीदाबाद में शिक्षिका श्रीमती रितिका भाटिया ने महिला रक्तदाता के रूप में 52वीं बार सिंगल डोनर प्लेटलेट्स दान कर एक उल्लेखनीय और प्रेरणादाई पल की।