हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने आज चंडीगढ़ स्थित अपने सरकारी आवास पर जनसुनवाई का आयोजन कर राज्य के विभिन्न जिलों से आए नागरिकों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं। इस अवसर पर बड़ी संख्या में लोग स्वास्थ्य सेवाओं सहित अन्य जनहित से जुड़े मुद्दों को लेकर पहुंचे।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री ने प्रत्येक व्यक्ति की बात को ध्यानपूर्वक सुना और संबंधित विभागीय अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी समाधान के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
आरती सिंह राव ने जनसुनवाई के दौरान मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि सभी शिकायतों का निपटारा तय समय सीमा के भीतर किया जाए और इसकी नियमित मॉनिटरिंग की जाए। उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि जिन मामलों में तुरंत कार्रवाई संभव है, उनमें तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए और जटिल मामलों में संबंधित व्यक्ति को स्थिति से अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ काम करना ही सुशासन की पहचान है।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जनसुनवाई जैसे कार्यक्रम सरकार और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का एक सशक्त माध्यम हैं। इससे न केवल समस्याओं की सही जानकारी मिलती है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था को और बेहतर बनाने में भी मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी नागरिक को सरकारी सेवाओं के लिए भटकना न पड़े।
आरती सिंह राव ने कहा कि आजकल सरकारी सेवाओं में डिजिटल तकनीक का अधिक से अधिक उपयोग किया जा रहा है ताकि सेवाएं पारदर्शी, तेज और प्रभावी बन सकें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऑनलाइन शिकायत निवारण प्रणाली को और मजबूत किया जाए ताकि लोग घर बैठे अपनी शिकायत दर्ज करा सकें और उसकी स्थिति की जानकारी प्राप्त कर सकें।
स्वास्थ्य मंत्री ने आगे कहा कि हरियाणा सरकार जनता के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है और स्वास्थ्य के क्षेत्र में सुधार के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि जनता की समस्याओं को गंभीरता से लेकर उनका समाधान किया जाएगा और भविष्य में भी इस तरह की जनसुनवाई जारी रहेंगी।
उन्होंने कहा कि स्वस्थ हरियाणा ही सशक्त हरियाणा का आधार है और इसके लिए सरकार, प्रशासन और समाज को मिलकर काम करना होगा।
उधर , स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि गुरुग्राम जिला के गांव सिधरावली स्थित उपस्वास्थ्य केंद्र को अपग्रेड कर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र करने की स्वीकृति दे दी है। इसमें स्टॉफ की नियुक्ति के लिए करीब 36 लाख रूपये की भी मंजूरी दे दी है।