हरियाणा में चल रही विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान मिलान में मिली विसंगतियों व पिछले विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची से मिलान न होने के कारण प्राप्त हो रहे नोटिसों को लेकर आम जनता द्वारा मतदाता सूची से नाम हटाए जाने की आशंका व्यक्त की जा रही है। विशेष रूप से ऐसे मतदाता, जो लंबे समय से हरियाणा में रह रहे हैं और वर्षों से यहां मतदान कर रहे हैं, आवश्यक दस्तावेजों एवं पुराने मतदाता अभिलेखों को लेकर चिंता जता रहे हैं।
इस संबंध में प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए श्रीनिवास ने स्पष्ट किया कि केवल पुराने मतदाता रिकॉर्ड व संबंधित दस्तावेज उपलब्ध न होने के आधार पर किसी पात्र मतदाता का नाम सूची से नहीं हटाया जा सकता।
SIR प्रक्रिया के दौरान मतदाता की पात्रता का परीक्षण भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित उपलब्ध दस्तावेजों एवं नियमों के आधार पर किया जाएगा। SIR का उद्देश्य किसी भी पात्र मतदाता का नाम बिना उचित प्रक्रिया के मतदाता सूची से हटाना नहीं है। इस प्रक्रिया का उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक शुद्ध, अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाना है।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार, जिन मतदाताओं का पिछले गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची के साथ मिलान नहीं हो रहा है, उन्हें अपनी पात्रता के साक्ष्य के रूप में जन्म तिथि के अनुसार आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत/जमा करने होंगे।
(क) यदि किसी व्यक्ति का जन्म भारत में दिनांक 01-07-1987 से पहले हुआ है, तो वह दस्तावेजों की सूची में से अपना कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत कर सकता है।
(ख) यदि किसी व्यक्ति का जन्म भारत में दिनांक 01-07-1987 से 02-12-2004 के बीच हुआ है, तो उसे दस्तावेजों की सूची में से अपना तथा अपने माता-पिता में से किसी एक का दस्तावेज प्रस्तुत करना होगा।
(ग) यदि किसी व्यक्ति का जन्म भारत में दिनांक 02-12-2004 के बाद हुआ है, तो उसे दस्तावेजों की सूची में दर्शाए गए दस्तावेजों में से अपना, अपने पिता तथा अपनी माता का दस्तावेज प्रस्तुत करना होगा।
यदि माता-पिता भारतीय नागरिक नहीं हैं, तो जन्म के समय उनके वैध वीजा तथा पासपोर्ट की प्रति प्रस्तुत करनी होगी।
(घ) यदि किसी व्यक्ति का जन्म भारत के बाहर हुआ है, तो भारतीय मिशन द्वारा जारी जन्म पंजीकरण प्रमाण-पत्र संलग्न करना होगा।
(ङ) यदि किसी व्यक्ति ने पंजीकरण/नागरिकीकरण के माध्यम से भारतीय नागरिकता प्राप्त की है, तो नागरिकता पंजीकरण प्रमाण-पत्र संलग्न करना होगा।
स्वयं, पिता एवं माता के लिए स्वीकार्य दस्तावेजों की सांकेतिक सूची
1. किसी केंद्रीय/राज्य/पीएसयू के नियमित कर्मचारी/पेंशनभोगी को जारी पहचान-पत्र/पेंशन भुगतान आदेश।
2. दिनांक 01-07-1987 से पहले भारत में सरकार/स्थानीय प्राधिकरण/बैंक/डाकघर/एलआईसी/पीएसयू द्वारा जारी कोई भी पहचान-पत्र/प्रमाण-पत्र/दस्तावेज।
3. सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जन्म प्रमाण-पत्र।
4. पासपोर्ट।
5. मान्यता प्राप्त बोर्ड/विश्वविद्यालय द्वारा जारी मैट्रिक परीक्षा/शैक्षणिक प्रमाण-पत्र।
6. सक्षम राज्य प्राधिकारी द्वारा जारी स्थायी निवास प्रमाण-पत्र।
7. वन अधिकार प्रमाण-पत्र।
8. सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी ओबीसी/एससी/एसटी अथवा कोई अन्य जाति प्रमाण-पत्र।
9. राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (जहां भी यह प्रचलन में हो)।
10. राज्य/स्थानीय प्राधिकारियों द्वारा तैयार परिवार रजिस्टर।
11. सरकार द्वारा जारी कोई भी भूमि/मकान आवंटन प्रमाण-पत्र।
12. आधार के लिए आयोग के पत्र संख्या 23/2025-ERS/खंड-II दिनांक 09-09-2025 (संलग्नक-II) के माध्यम से जारी निर्देश लागू होंगे।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सभी पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे प्रारंभिक मतदाता सूची में अपना नाम अवश्य जांचें। यदि नाम शामिल नहीं है तो प्रपत्र-6 तथा किसी प्रकार की त्रुटि होने पर प्रपत्र-8
30 सितंबर तक संबंधित निर्वाचक पंजीयन अधिकारी (ERO) अथवा बी एल ओ के पास जमा करवाएं, ताकि प्रत्येक पात्र मतदाता का नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल किया जा सके।
अब तक 1,36,646 प्रपत्र संख्या 6, 10,156 प्रपत्र संख्या 7 तथा 1,06,671 प्रपत्र संख्या 8 प्राप्त हो चुके हैं।
पात्र व्यक्तियों द्वारा मतदाता सूची में नाम दर्ज करवाने एवं स्थानांतरण करवाने के लिए प्रपत्र-6 एवं प्रपत्र-8 के साथ घोषणा-पत्र भी जमा करना होगा, जिसमें पिछले विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची में स्वयं अथवा माता-पिता/दादा-दादी का विवरण भरना होता है। यदि किसी पात्र व्यक्ति के पास पिछले विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची का रिकॉर्ड/विवरण उपलब्ध नहीं है, तो जन्म वर्ष के अनुसार अपने दस्तावेज प्रपत्र-6 एवं प्रपत्र-8 के साथ अवश्य संलग्न करें।
मतदाताओं से अपील की जाती है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह अथवा भ्रामक सूचना से चिंतित न हों। जिन मतदाताओं को अपने दस्तावेजों अथवा मतदाता पंजीकरण के संबंध में कोई समस्या या शंका है, वे अपने क्षेत्र के बीएलओ, ईआरओ अथवा एईआरओ कार्यालय या फिर 1950 पर संपर्क कर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवश्यक मार्गदर्शन प्राप्त कर सकते हैं।