Tuesday, February 25, 2020
Follow us on
Niyalya se

संसद में जो बातें कही जानी चाहिए थीं, वे नहीं कही गईं, इसलिए लाेग सड़काें पर हैं सीएए के प्रदर्शनों पर बोलीं जज

January 15, 2020 06:18 AM

COURTESY DAINIK BHASKAR JAN 15

संसद में जो बातें कही जानी चाहिए थीं, वे नहीं कही गईं, इसलिए लाेग सड़काें पर हैं
सीएए के प्रदर्शनों पर बोलीं जज
कामिनी लाॅ
पुलिस से : मैंने देखा है कि संसद के सामने प्रदर्शन करने वाले कई लाेग बड़े नेता और मंत्री भी बने हैं
आजाद की सोशल मीडिया पोस्ट में हिंसा की बात नहीं है। क्या उनके खिलाफ हिंसा का काेई सबूत है? प्रदर्शन का अधिकार सबको है। मैंने देखा है कि संसद के बाहर प्रदर्शन करने वाले कई लाेग बड़े नेता-मंत्री भी बने हैं। अाजाद उभरते हुए नेता हैं। उन्हें भी प्रदर्शन का हक है। किस कानून में लिखा है कि धर्मस्थल के आगे प्रदर्शन नहीं कर सकते?
शाहीन बाग में मंगलवार रात को भी महिलाएं धरने पर बैठी रहीं।
भीम आर्मी के चंद्रशेखर के खिलाफ हिंसा भड़काने के सबूत नहीं दिखा पाई पुलिस
भास्कर न्यूज | नई दिल्ली
सीएए के खिलाफ देशभर में जारी प्रदर्शनाें काे लेकर तीस हजारी कोर्ट की एडिशनल सेशन जज कामिनी लाॅ ने मंगलवार काे सरकार पर सख्त टिप्पणी की। उन्हाेंने कहा, 'संसद के अंदर जो बातें कही जानी चाहिए थीं, वे नहीं कही गईं। इसलिए लोग सड़कों पर उतरे हैं। हमें अभिव्यक्ति का अधिकार है। लेकिन हम देश काे तबाह नहीं कर सकते।' प्रदर्शनाें में हुईं गिरफ्तारियाें पर दिल्ली पुलिस काे फटकारते हुए उन्होंने कहा, 'अापका रवैया एेसा है, जैसे जामा मस्जिद पाकिस्तान है। अगर है ताे भी वहां प्रदर्शन कर सकते हैं। पाक भी कभी भारत का हिस्सा था।' उन्हाेंने भीम अार्मी के प्रमुख चंद्रशेखर अाजाद की जमानत याचिका पर सुनवाई के दाैरान यह टिप्पणियां कीं। पुलिस अाजाद के खिलाफ हिंसा भड़काने के सबूत पेश करने में नाकाम रही। सबूत के तौर पर सरकारी वकील ने जामा मस्जिद पहुंचने के अाह्वान वाली साेशल मीडिया पाेस्ट पढ़ीं। शेष | पेज 9 पर
नडेला बोले- भारत में जो कुछ हो रहा है, उससे दुखी हूं | पेज 10 पर
शाहीन बाग के धरने पर हाईकाेर्ट बोला- ट्रैफिक में आ रही रुकावटों पर पुलिस अपने स्तर पर गौर करे
दिल्ली हाईकाेर्ट ने पुलिस को शाहीन बाग में महीनेभर से जारी धरने के कारण कालिंदी कुंज राेड पर लगी ट्रैफिक पाबंदियाें पर गाैर करने काे कहा है। कोर्ट ने कहा कि प्रदर्शन की जगह पर ट्रैफिक नियंत्रण की शक्तियां पुलिस के पास हैं। पाबंदियाें के खिलाफ दायर याचिका निपटाते हुए चीफ जस्टिस डीएन पटेल ने कहा कि ऐसे मामलों पर कोर्ट कोई विशेष निर्देश नहीं दे सकता। कानून-व्यवस्था बरकरार रखते हुए पुलिस इसे देखे। पुलिस ने देर शाम सड़क खाली करवाने के लिए धर्मगुरुओं सहित विभिन्न लोगों से बातचीत शुरू कर दी।
अाजाद से : अपनी बात सही ढंग से पेश नहीं कर पा रहे, अगर कोई मुद्दा उठाएं तो उस पर रिसर्च भी करें
ब्रिटिश काल में प्रदर्शन सड़काें पर हाेते थे। अदालत के अंदर भी अापका प्रदर्शन जायज हाे सकता है। अाजाद वकील हैं, पढ़े-लिखे हैं अाैर संभवत: अांबेडकरवादी हैं। अांबेडकर मुस्लिम, सिख अाैर मूलत: समाज के शाेषित समुदायाें के ज्यादा करीब थे। अाजाद अपनी बात सही से नहीं रख पा रहे। अगर काेई मुद्दा उठाते हैं ताे रिसर्च भी करें।
देश में खुला नया मोर्चा
केरल सरकार ने सीएए काे सुप्रीम काेर्ट में चुनाैती दी
तिरुवनंतपुरम | केरल सरकार ने नागरिकता संशाेधन कानून (सीएए) काे सुप्रीम काेर्ट में चुनाैती दी है। इस कानून के खिलाफ सुप्रीम काेर्ट जाने वाली यह पहली राज्य सरकार है। माकपा के नेतृत्व वाली केरल की लेफ्ट डेमाेक्रेटिक फ्रंट सरकार ने पिछले दिनाें इस कानून के खिलाफ विधानसभा में भी प्रस्ताव पारित किया था। अाधिकारिक सूत्राें ने बताया कि केरल सरकार ने संविधान के अनुच्छेद 131 को अपनी याचिका का अाधार बनाया है। इसमें अाराेप लगाया गया है कि सीएए माैलिक अधिकाराें का उल्लंघन करता है अाैर यह भेदभावपूर्ण है।

बैन के बाद भी गलत के खिलाफ बाेलूंगा: महातिर
कुअालालम्पुर|मलेशिया के प्रधानमंत्री महातिर माेहम्मद ने कहा कि भारत द्वारा मलेशिया से पाम अाॅयल नहीं खरीदने पर वह चिंतित हैं। लेकिन अगर कुछ गलत हाेता है ताे उसके खिलाफ जरूर बोलूंगा। पत्रकाराें से बातचीत में उन्हाेंने कहा कि अगर हम सिर्फ पैसे के बारे में ही साेचें अाैर गलत चीजें हाेती रहने दें तो काफी कुछ गलत हाेगा। उल्लेखनीय है कि भारत मलेशिया के पाम अाॅयल का सबसे बड़ा खरीदार रहा है। अनुच्छेद 370 अाैर सीएए पर अालाेचना के बाद भारत ने उससे ऑयल लेना बंद कर दिया। इस बारे में पूछने पर महातिर ने कहा कि इसका समाधान ढूंढेंगे।
पुलिस का रवैया एेसा है, जैसे जामा मस्जिद पाकिस्तान है, अगर है ताे भी वहां जाकर प्रदर्शन कर सकते हैं, पाक भी कभी भारत का हिस्सा था
जज ने दिल्ली पुलिस काे फटकारा, चंद्रशेखर अाजाद काे भी समझाया
- कामिनी लाॅ, एडिशनल सेशन जज, तीस हजारी कोर्ट

Have something to say? Post your comment
 
More Niyalya se News
Legal notice to excise dept for terminating bottling licence कश्मीर मुक्ति-मुस्लिम मुक्ति के नारे लगाने वाली लड़की 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजी गई नागपुर की एक कोर्ट से देवेंद्र फडणवीस को 15000 रुपये के निजी मुचलके पर जमानत उपहार अग्निकांड: सुप्रीम कोर्ट ने पीड़ितों की ओर से दाखिल क्यूरेटिव पिटीशन को खारिज किया अलॉटी का रिफंड नहीं दिए जाने पर कोर्ट ने कहा- जब तक रुपए नहीं देते तब तक जेल में रखोकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 25 मार्च तय की दिल्ली: साकेत कोर्ट ने JNU छात्र शरजील इमाम को 3 मार्च तक न्यायिक हिरासत में भेजा जजाें की नियुक्ति की सिफारिशाें पर सरकार 127 ताे काॅलेजियम 119 दिन में लेती है फैसलाकेंद्र सरकार ने सुप्रीम काेर्ट काे दी जानकारी निर्भया केस में पटियाला कोर्ट ने 3 मार्च सुबह 6 बजे के लिए नया डेथ वारंट किया जारी Govt staffers to get benefit of tenure in aided schools HC Says It Will Be Included In ACP And Pension Calculation Peaceful CAA opposers not ‘traitors, anti-nationals’: HC